मदरसों एवं अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालय में हिंदी दिवस मनाया गया
जयपुर (रॉयल पत्रिका)। जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी अभिषेक सिद्धा के निर्देशानुसार शनिवार को राजधानी जयपुर के सभी मदरसों एवं अल्पसंख्यक आवासीय विद्यालय में हिंदी दिवस मनाया गया। इस अवसर पर मदरसो एवं आवासीय विद्यालय में शिक्षकों ने विधार्थियो को हिंदी भाषा के इतिहास बताते हुए छात्रों के जीवन में इसकी आवश्यकता एवं महत्व बताए। वही मदरसों में हिंदी भाषा में निबंध एवं भाषण प्रतियोगिता के अन्य गतिविधियां भी आयोजित की गई। अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी के निर्देशानुसार हिंदी दिवस हर्षोल्लास से मनाया गया। इस अवसर मदरसे के छात्र-छात्राओं हिंदी में कविता और कहानी सुनाई और सुलेख प्रतियोगिता आयोजित की गई। पांचवीं कक्षा की छात्रा इल्मा ने हिंदी दिवस पर भाषण दिया। वहीं तीसरी से पांचवी के छात्र छात्राओं के लिए कविता, निबंध और नारा लेखन प्रतियोगिता करवाई गई। छात्राओं ने हिंदी दिवस पर कविता भी सुनाई। शिक्षा अनुदेशक कुलदीप सिंह राजावत ने बताया कि भारत की पहचान विदेशों में हिन्दी से होती है हिन्दुस्तान के हर हिस्से में हिन्दी बोली जाती है उन्होंने कहा कि हिन्दी का प्रकाश सम्पूर्ण देश में फैलाना चाहिए। इस बीच मदरसे एवं आवसीय विद्यालय के बच्चे और समस्त शिक्षक शिक्षिकाएं मौजूद रहे। “इस अवसर पर हमने विद्यार्थियों को हिंदी का शुद्ध उच्चारण एवं शुद्ध लेखन पर ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। साथ ही हिंदी पढ़ो, हिंदी लिखो, हिंदी बोलो एवं हिंदी पर गर्व करो का नारा भी दिया। गुलामी की मानसिकता को दूर करने के लिए हमें दैनिक जीवन में हिंदी भाषा का प्रयोग करना चाहिए। इससे एक ओर स्व का भाव जागृत होंता हैं जिससे अपनी मातृभाषा हिंदी के प्रति स्वाभिमान की भावना विकसित होती हैं। वहीं दूसरी ओर अपनी मातृभाषा के प्रति सम्मान एवं गर्व का भाव भी विकसित होता हैं।”
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